खुद जानिए आपको पितृदोष है या नहीं, ऐसे करें उपाय VASTUANKKIT 8789364798
खुद जानिए आपको पितृदोष है या नहीं, ऐसे करें उपाय, VASTU ANKKIT 8789364798 शास्त्र के अनुसार सूर्य (Surya) तथा राहू (Rahu) जिस भी भाव में बैठते हैं, उस भाव के सभी फल नष्ट हो जाते हैं. व्यक्ति की कुण्डली (Kundali) में एक ऐसा दोष है जो इन सब दु:खों को एक साथ देने की क्षमता रखता है. इस दोष को पितृदोष (Pitra Dosh) के नाम से जाना जाता है. शास्त्र के अनुसार सूर्य (Surya) तथा राहू (Rahu) जिस भी भाव में बैठते हैं, उस भाव के सभी फल नष्ट हो जाते हैं. व्यक्ति की कुण्डली (Kundali) में एक ऐसा दोष है जो इन सब दु:खों को एक साथ देने की क्षमता रखता है. इस दोष को पितृदोष (Pitra Dosh) के नाम से जाना जाता है. ज्योतिष (Jyotish) के अनुसार पितृदोष और पितृ ऋण से पीड़ित कुंडली शापित कुंडली कही जाती है. जन्म पत्री में यदि सूर्य पर शनि राहु-केतु की दृष्टि या युति द्वारा प्रभाव हो तो जातक की कुंडली में पितृ ऋण की स्थिति मानी जाती है. ऐसी स्थिति में जातक के सांसारिक जीवन और आध्यात्मिक उन्नति में अनेक बाधाएं उत्पन्न होती हैं. ज्योतिष और पुराणों मे भी पितृदोष (Pitra Dosh) के संबंध में अलग-अलग धारणा है...